मंगलवार, 24 दिसंबर 2013

कहीं न जाना खबर दिखाने का वादा है.



एंकर बोली इस चैनल में सच ज्यादा है.
कहीं न जाना खबर दिखाने का वादा है.

एक खबर पर दो घंटे का हल्ला काटा,
बोली फिर विज्ञापन की थोड़ी बाधा है.

पांच मिनट में लौट के आई, बैठे रहना.
अब तक जो तुमने देखा वो सच आधा है.

दो घंटे में ही दिमाग का दही बन गया,
मट्ठा बनाके छोड़ेंगे, ये आमादा है.

अब भी टीवी से चिपका है, क्या गुलाम है,
किसने कहा देख "बूँद" किसने लादा है?

("बूँद")

कोई टिप्पणी नहीं:

टिप्पणी पोस्ट करें

Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...